असली भारत के स्वास्थ्य की नींव को मजबूत कर रहा है मेडकोर्ड्स, नए आयाम के बेहतरीन 3 वर्ष

Medcords aayu app anniversary

भारत का अपना हेल्थ केयर नेटवर्क मेड्कॉर्डस (Medcords) का आज अपना तीसरा स्थापना दिवस मना रहा है। 15 सितंबर 2017 को स्वरूप में आया यह हेल्थ केयर नेटवर्क अपनी तीन ख़ास सेवाओं (आयु ऐप, सेहत साथी ऐप और डॉक्टर पोर्टल) के साथ देश के हर नागरिक की जरूरत और भारत की पहचान बन गया है।

इस अवसर पर मेडकॉर्ड्स ने शुरू किया सबसे बड़ा डिजिटल हेल्थ प्रोजेक्ट जो देश के युवाओं की बेरोजगारी दूर करने और आत्मनिर्भर बनाने में मदद करेगा।

मेड्कॉर्ड्स के तीनों को-फाउंडर्स श्रेयांश मेहता, निखिल जैन और सैदा धनावत के मुताबिक, इस हेल्थ केयर नेटवर्क को स्थापित करने का उद्देश्य हर घर, देश के सबसे निचले पायदान पर बैठे व्यक्ति तक घर बैठे स्वास्थ्य सुविधाएँ पहुँचाना और स्वास्थ्य सुविधाओं को हर व्यक्ति के लिए उपलब्ध और आसान बनाना रहा है। लोगों को सबसे जल्दी और सबसे सस्ता इलाज लोगों को मिलें।

मेड्कॉर्ड्स ने देश के सबसे मुश्किल वक़्त कोरोना महामारी में लोगों के लिए सेतु की भूमिका निभाई है। और इस महामारी को और भयंकर होने से रोकने में मदद की है।इसकी विशेष सेवाओं के साथ.. राजस्थान सरकार ने इसकी सेवाओं की सराहना करते हुए महामारी के दौरान मेड्कॉर्डस के साथ मिलकर कार्य किया है।

कैसे काम करता है भारत का हेल्थ केयर नेटवर्क

मेड्कॉर्डस ने इस नेटवर्क को बनाने के लिए बेहतरीन तकनीक का इस्तेमाल किया है। इस स्वास्थ्य नेटवर्क के जरिए आमजन को पूरे देश के विशेषज्ञ डॉक्टरों के साथ एवं मेडिकल स्टोर्स के साथ जोड़ा जा रहा है।
इसे इन्फोएज (InfoEdge – Naukri.com), आशीष जैन- वाटर ब्रिज वेंचर्स (WaterBridge Ventures), एस्टार्क वेंचर्स (Astarc Ventures), सीआईआईई (CIIE) और राजस्थान सरकार के आईस्टार्ट कार्यक्रम का सहयोग प्राप्त है।

आमजन के लिए “आयु ऐप ” नाम का एक ऐप तैयार किया गया है। उसी तरह मेडिकल स्टोर्स के लिए “सेहत साथी” ऐप तैयार किया गया हैdoctors.medcords.com नाम की एक वेबसाइट भी तैयार की गयी है जिसमें देश भर के 5000 से अधिक विशेषज्ञ डॉक्टर्स अब तक जुड़ चुकें हैं और लगातार जुड़ते जा रहे हैं। ये तीनों सेवाएं एक-दूसरे की पूरक हैं।

आमजन ” आयु ऐप” से जुड़ कर अपने सभी परिवारवालों को जोड़ सकते हैं। इस ऐप के माध्यम से लोग पूरे भारत के विशेषज्ञ डॉक्टरों से इलाज की सुविधा घर बैठे ही ले सकते हैं। अब बाहर क्लिनिक या अस्पताल जाने की बिल्कुल जरूरत नहीं पड़ेगी और संक्रमण फैलने का डर भी नहीं होगा। आप अपने परिवार के रिकार्ड्स को अपलोड करके परिवार की हेल्थ ID बनवा सकते है।

लोगों को इलाज तो मिलेगा ही साथ ही वह इस ऐप के माध्यम से ही अपने घर पर नज़दीकी मेडिकल स्टोर से दवाइयाँ भी मंगवा सकते हैं।

भारत के 16,000 से अधिक मेडिकल स्टोर “सेहत साथी ऐप” से जुड़ कर अपने इलाके के लोगों से दवाइयों के आर्डर ले रहे हैं और सावधानी के साथ लोगों के घरों तक दवाइयाँ पहुंचा रहे हैं। यही नहीं ये मेडिकल स्टोर गांव और ढाणियों में जिन लोगों के पास स्मार्ट फोन की सहूलियत नहीं होती उन लोगों को इस ऐप की मदद से ही विशेषज्ञ डॉक्टरों से परामर्श भी दिलवा रहे हैं।

क्या कहना है को-फाउंडर्स का?

आयु ऐप से अब तक 30 लाख परिवार जुड़ कर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ ले चुके हैं। वहीं पूरे भारत वर्ष में आयु ऐप पर 5000 से अधिक डॉक्टर्स और 16000 मेडिकल स्टोर्स पंजीकृत हैं। फिलहाल, मेड्कॉर्ड्स की सर्विसेज़ 30 लाख से अधिक परिवार इस्तेमाल कर चुके हैं।

मेडकॉर्ड्स के को-फाउंडर और सीईओ श्रेयांस मेहता ने कहा, ‘‘हमारे आयु और सेहत साथी ऐप ने गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा को सभी के लिए सुगम और आसान बनाया है, सिर्फ एक क्लिक पर लोग घर बैठे देशभर के स्पेशलिस्ट डॉक्टरों से मदद ले सकते हैं। हमारी यह स्वास्थ सेवाएं हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में इस्तेमाल की जा सकती हैं। हर भारतीय इन सुविधाओं का आसानी से लाभ ले सकते हैं।
मेड्कॉर्ड्स भारत के ग्रामीण और शहरी क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ सेवाओं की असमानता को कम करने के लिए काम कर रहा है।

आयु ऐप के जरिए ग्राहक विशेषज्ञ डॉक्टरों से परामर्श कर सकते हैं, अपनी मेडिकल हिस्ट्री को सुरक्षित रख सकते हैं और देश में किसी भी कोने से अपने नज़दीकी मेडिकल स्टोर पर दवाइयों के लिए ऑर्डर कर सकते हैं। 

ऐप में विस्तृत कोरोनावायरस गाइड भी है जो इसके लक्षणों के बारे में लोगों की ग़लतफ़हमियाँ दूर करती है। वे इस पर अपने लक्षण चैक भी कर सकते हैं। ये दोनों ऐप गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध हैं।
यदि किसी के पास स्मार्टफोन नहीं है, तो वह हमें 7816811111 पर कॉल करके देश के किसी भी कोने से घर बैठे विशेषज्ञ डॉक्टर से परामर्श कर सकता है।

मेडकॉर्ड्स के को-फाउंडर सैदा धनावत ने कहा, ‘‘कोरोना के खिलाफ जंग में मेड्कॉर्ड्स सबसे आगे रह कर अपनी भूमिका निभा रहा है। महामारी के दौर में मेड्कॉर्डस की सुविधाएँ लोगों को घर बैठे विशेषज्ञ डॉक्टरों से स्वास्थ लाभ दिलाने में प्रभावी साबित हो रही हैं। लॉकडाउन में जिन लोगों को ओपीडी में जाने की आवश्यकता हो सकती है, उनके लिए हमारी स्वास्थ सुविधाएँ अधिक उपयोगी सिद्ध हो रही हैं, क्योंकि इस समय में अस्पताल जाने से इंफेक्शन का खतरा बढ़ सकता है।
आज हमारे द्वारा शुरु किया गया यह स्वास्थ पारिस्थितिकी तंत्र देश की मदद को तैयार है, और आज हम गर्व से कह सकते हैं कि इस बड़े स्वास्थ्य संकट से निपटने में हम अपनी भूमिका निभा रहे हैं।

मेडकॉर्ड्स के को-फाउंडर निखिल बाहेती का कहना है, ‘‘देश के हर नागरिक के पास सही सूचना, योग्य डॉक्टर और अपनी समस्या का संपूर्ण समाधान होना चाहिए। हम मेडकॉर्ड्स में यही उपलब्ध करवा रहे हैं।”

फाउंडेशन-डे पर मिलने वाले ऑफर्स:

  • मेडकॉर्ड्स के फाउंडेशन डे यानि कि कल से नए उपयोगकर्ताओं और पुराने उपयोगकर्ताओं को ऐप में किसी भी तरह की गतिविधि करने पर Myntra का कूपन दिया जाएगा।
  • जो लोग अपने परिवार का आयु कार्ड बनवाएंगे उन्हे 100 रूपए का बोनस डिस्काउंट मिलेगा। अभी आयु ऐप डाऊनलोड करके अपना आयु कार्ड बनवाएँ।

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