गंभीर समस्या है हेपेटाइटिस, जानें, इसके कारण, लक्षण और बचाव के उपाय

Hepatitis causes symptoms and treatment

What is Hepatitis?- हेपेटाइटिस (यकृत शोथ) एक वायरल रोग है।  यह रोग वायरल संक्रमण या यकृत के अल्कोहल जैसे हानिकारक पदार्थों के संपर्क में आने में की वज़ह से होता है। हेपेटाइटिस के लक्षण बहुत सीमित या न के बराबर प्रकट हो सकते है, लेकिन इसमें प्राय: पीलिया, अत्यधिक थकान (भूख कम लगना) और अस्वस्थता का ख़तरा बढ़ जाता है।

इंडियन मेडिकल एसोसिएशन यानी आईएमए का कहना है कि भारत में 4 करोड़ लोग लंबे समय से हेपेटाइटिस बी से संक्रमित हैं और हेपेटाइटिस सी से पीड़ित भारतीयों की संख्या छह से 12 लाख के बीच हो सकती है। यकृत विफलता के सबसे अधिक गंभीर मामलों में हेपेटाइटिस ई वायरस (हेवीवी) को जिम्मेदार ठहराया जा सकता है।

हेपेटाइटिस के प्रकार Hepatitis Types In Hindi

  • हेपेटाइटिस ए
  • हेपेटाइटिस बी
  • हेपेटाइटिस सी
  • अल्कहॉलिक हेपेटाइटिस

हेपेटाइटिस के दुर्लभ प्रकार Hepatitis Different Types In Hindi

हेपेटाइटिस बी Hepatitis B

यह रोग हेपेटाइटिस बी वायरस के कारण होता है। यह रक्त और शरीर से निकलने वाले संक्रमित स्रावों जैसे कि वीर्य और योनि के तरल पदार्थों में पाया जाता है इसलिए आमतौर पर यह असुरक्षित सेक्स और पहले से इस्तेमाल की गई सुइयों के दोबारा इस्तेमाल करने से फैलता है। हेपेटाइटिस बी ड्रग्स लेने वालों में विशेषत: से पाया जाता है।  

हेपेटाइटिस सी Hepatitis C

बहुत हद तक यह वायरस संक्रमित व्यक्ति के रक्त, लार, वीर्य और योनि से निकलने वाले तरल प्रदार्थों में पाया जाता है। यह वायरस विशेष रूप से रक्त में केंद्रित होता है इसलिए यह आमतौर पर ‘रक्त से रक्त’ संपर्क के माध्यम से फैलता है।

हेपेटाइटिस डी  Hepatitis D

यह उन लोगों को होता है, जो पहले से हेपेटाइटिस बी से संक्रमित होते है। (आपके शरीर को जीवित रखने के लिए हेपेटाइटिस बी वायरस की उपस्थिति आवश्यक है)।

हेपेटाइटिस ई Hepatitis E

यह रोग बहुत कम पाया जाता है। आमतौर पर इस रोग में हल्का और अल्पकालिक संक्रमण होता है। हेपेटाइटिस ई मुँह से या फिर मल संदूषण को माध्यम से फैलता है। 

हेपेटाइटिस के लक्षण  Hepatitis Symptoms

  • मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द
  • उच्च तापमान (ज़्वर) 38 डिग्री सेल्सियस (100.4 फेरनहाइट) या इससे अधिक
  • अस्वस्थता महसूस होना
  • सिरदर्द
  • कभी-कभी आँखों और त्वचा का पीलापन (अर्थात् पीलिया) क्रोनिक हेपेटाइटिस (पुरानी यानि चिरकालिक या दीर्घकालिक यकृत शोथ) के लक्षणों में शामिल हो सकते हैं।
  • हर समय थकावट महसूस करना।
  • डिप्रेशन (अवसाद)

कारण  Hepatitis causes

हेपेटाइटिस या यकृत शोथ संक्रमण वायरस के कारण होता है

हैप्नाविरीडे : हेपेटाइटिस बी

हैपविरीडे : हेपेटाइटिस ई

पिकोरना वायरस : ईको वायरस

हेपेटाइटिस को रोकने के उपाय :- Hepatitis Treatment In Hindi

  • टीका लगवाएं : हेपेटाइटिस ए और बी टीके बहुत प्रभावी होते हैं और इन्हें अलग इंजेक्शन से लगाना चाहिए।
  • हाथ धोना – बाथरूम जाने (या डायपर बदलने) के बाद और भोजन करने से पहले हाथ धोएं।
  • सेक्स  – यौन साथी अधिक होने पर हेपेटाइटिस संक्रमण की आशंका बढ़ जाती है।

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